आत्मा से परमात्मा की ओर यात्रा, जल से जीवन की ओर यात्रा जितनी पवित्र।
आत्मा से परमात्मा की ओर यात्रा, जल से जीवन की ओर यात्रा जितनी पवित्र। आज उधना, सूरत में आयोजित ‘आत्मा से परमात्मा के अभिनंदन समारोह’ में, पूज्य डॉ. श्री शिवमुनिजी
आत्मा से परमात्मा की ओर यात्रा, जल से जीवन की ओर यात्रा जितनी पवित्र। आज उधना, सूरत में आयोजित ‘आत्मा से परमात्मा के अभिनंदन समारोह’ में, पूज्य डॉ. श्री शिवमुनिजी
माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रभाई मोदी सर के ‘कर्मभूमि से मातृभूमि’ के संकल्प को साकार करने के उद्देश्य से, मुंबई में राजस्थान वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा आयोजित ‘कर्मभूमि से मातृभूमि’ कार्यक्रम में
माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रभाई मोदी सर के “जनभागीदारी से जल संरक्षण” के आह्वान को आत्मसात करते हुए, श्री आहीर समाज जल संरक्षण समिति द्वारा 2500 से अधिक रेन वॉटर हार्वेस्टिंग
माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रभाई मोदी सर के दूरदर्शी नेतृत्व में ‘अर्थ गंगा’ की परिकल्पना ने गंगा को केवल आस्था की नहीं, बल्कि आजीविका और सतत विकास की जीवनधारा के
आज महाराष्ट्र में महाराष्ट्र सिंचाई सुधार कार्यक्रम के अंतर्गत गोदावरी जमना तट नहर के मिट्टी कार्य एवं निर्माण कार्य के शिलान्यास का अवसर प्राप्त हुआ। यह परियोजना न केवल महाराष्ट्र
आज महाराष्ट्र में जल व्यवस्थापन कृति पखवाड़ा 2025 के भव्य समापन समारोह में सम्मिलित होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। यह दो सप्ताहीय अभियान माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्रभाई मोदी सर की
आज सूरत में ग्लोबल इन्वेस्टर कॉन्फ़्रेंस के 7वें संस्करण में सहभागिता कर उद्यमिता, निवेश और नवाचार जैसे विषयों पर भारत के विकासशील भविष्य को लेकर बेहद सार्थक संवाद हुआ। महेता
આજે સુરત ખાતે અગ્રવાલ આઇ હોસ્પિટલનું ઉદ્ઘાટન કરી આનંદની લાગણી અનુભવી. ડો.નિરવભાઇ શાહ અને અન્ય સૌ ડોક્ટરોને અભિનંદન અને શુભેચ્છાઓ પાઠવ્યા.
આજે પરમ પૂજ્ય મહંત સ્વામી મહારાજશ્રીની પાવન ઉપસ્થિતિમાં “અક્ષરપુરુષોત્તમના વિદ્વાન” શીર્ષક હેઠળ BAPS અક્ષરધામ સ્વામિનારાયણ મંદિર, કણાદ ખાતે યોજાયેલા બાળદિનની મહોત્સવમૂર્તિ સમારોહમાં ઉપસ્થિત રહેવાનો અવસર સાંપડ્યો. સાંસ્કૃતિક ઊર્જા અને દૈવી
અક્ષરધામના દિવ્ય વૈશ્વિક યાત્રાપીઠના યશસ્વી ગુરુહરિ પ.પૂ. હરિપ્રસાદસ્વામીજી મહારાજના આશીર્વાદરૂપ ગુરુજયંતી પર્વ નિમિત્તે પ્રગટ ગુરૂહરિ પ.પૂ.પ્રબોધ સ્વામીજીનાં પ્રત્યક્ષ સાનિધ્યમાં યોજાયેલી ભવ્ય સાંસ્કૃતિક સંધ્યામાં ઉપસ્થિત રહેવાનું સૌભાગ્ય સાંપડ્યું. સત્સંગ અને સંસ્કાર